कहीं दूर Kahin Door Lyrics

कहीं दूर Kahin Door Lyrics Lyrics

“Kahin Door” Song Details:

Label: Saregama Music
Singer(s): Sanam
Lyricist(s): Yogesh Gaur
Music Director(s): Samar Puri, Keshav Dhanraj, Venky S
Genre(s): Love
Music Label: © Saregama Music
Starring: Sanam Puri

कहीं दूर जब दिन ढल जाए
साँझ की दुल्हन बदन चुराए
चुपके से आए
मेरे ख़यालों के आँगन में
कोई सपनों के दीप जलाए
दीप जलाए
कहीं दूर जब दिन ढल जाए
साँझ की दुल्हन बदन चुराए
चुपके से आए

कभी यूँहीं जब हुईं बोझल साँसें
भर आई बैठे बैठे
जब यूँ ही आँखें

कभी यूँहीं जब हुईं बोझल साँसें
भर आई बैठे बैठे
जब यूँ ही आँखें
तभी मचल के
प्यार से चल के
छुए कोई मुझे पर
नज़र ना आए नज़र ना आए
कहीं दूर जब दिन ढल जाए
साँझ की दुल्हन बदन चुराए
चुपके से आए
ए…

कहीं तो ये दिल कभी मिल नहीं पाते
कहीं से निकल आए जनमों के नाते


कहीं तो ये दिल कभी मिल नहीं पाते
कहीं से निकल आए जनमों के नाते
है मीठी उलझन बैरी अपना मन
अपना ही होके सहे
दर्द पराये दर्द पराये
कहीं दूर जब दिन ढल जाए
साँझ की दुल्हन बदन चुराए
चुपके से आए
मेरे ख़यालों के आँगन में
कोई सपनों के दीप जलाए
दीप जलाए
कहीं दूर जब दिन ढल जाए
साँझ की दुल्हन बदन चुराए
चुपके से आए.

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