जन्मों से भटकी नाव को Janmon Se Bhatki Naav Ko Lyrics

जन्मों से भटकी नाव को Janmon Se Bhatki Naav Ko Lyrics Lyrics

“Janmon Se Bhatki Naav Ko” Song Details:

Album/Label: Ram Tere Ghar Aayenge (राम तेरे घर आयेंगे)
Singer(s): Rajeev Raj Aditya
Lyricist(s): Ravi Chopra
Music Director(s): Rajeev Raj Aditya, Jwala Prasad
Genre(s): Ram Bhajan
Music Label: © T-Series
Release on: 28th February, 2013

लिरिक्सबोगी.कॉम

जन्मो से भटकी हुई नाव को
जन्मो से भटकी हुई नाव को आज किनारा मिल गया
जन्मो से भटकी हुई नाव को आज किनारा मिल गया
राम मेरे मुझ पापी को भी तेरा सहारा मिल गया
जन्मो से भटकी हुई नाव को आज किनारा मिल गया

उल्जा हुआ था मैं माया के जंगल में तुम ने बचाया मुझे
तुम ने बचाया मुझे
श्रद्धा सबुरी का वरदान दे कर जीना सिखाया मुझे
जीना सिखाया मुझे
तेरी कृपा से गंगा के जल में
तेरी कृपा से गंगा के जल में पानी ये खारा मिल गया
जन्मो से भटकी हुई नाव को आज किनारा मिल गया
आज किनारा मिल गया

केहने को तो चल रही थी ये सांसे बेजान थी आत्मा
बेजान थी आत्मा
हां मेरे पापो का जन्मो के शापों का तुमने किया खात्मा
तुमने किया खात्मा
तुमने छुआ तो तुम्हारा हुआ तो
तुमने छुआ तो तुम्हारा हुआ तो जीवन दोबारा मिल गया
जन्मो से भटकी हुई नाव को आज किनारा मिल गया
आज किनारा मिल गया

ना जाने कितने जन्म और जलता तृष्णा की इस आग में
तृष्णा की इस आग में
काले सवेरे थे लिखे अँधेरे थे शायद मेरे भाग्य में
शायद मेरे भाग्य में
तुम आये ऐसे अंधेरों में जैसे
तुम आये ऐसे अंधेरों में जैसे कोई सितारा मिल गया
जन्मो से भटकी हुई नाव को आज किनारा मिल गया
आज किनारा मिल गया
राम मेरे मुझ पापी को भी तेरा सहारा मिल गया
जन्मो से भटकी हुई नाव को आज किनारा मिल गया
आज किनारा मिल गया
आज किनारा मिल गया
आज किनारा मिल गया.

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